(61) सवारी (रेलगड्‍डी चे गाड नूं)- में चहा पीणा चहावे। कुई इसड़ा उपाय बावेड़ कि माये आवणे तक रेलगड्‍डी ना चलो पल्‍ली।
गाड- हंसती कन्‍न- बडा सीद्‍धा उपाय छे, मन्‍नू वी आपणे लारे गेहली चाल।


(62) जज (केदी नूं)- ता कन्‍नू आपणे आप नूं बचावणे कल्‍ले कुई सबुत छी।
केदी- सई छे साब, मां कन्‍नू जक्‍को कस्‍सा हुत्‍ते, वकील नूं फीस मां डिल्‍ले जत्‍ती।


(63) मालिक (नवे नोकर नूं)- तन्‍नू मनेजर ने सारे काम समझाती डिल्‍ले ना।
नोकर (मालिक नूं)- हा जी, ओण्हे समझाती डिल्‍ले कि जिसे बेल्‍हे मालिक दफतर मां आवे, ओ बेल्हे तू मन्‍नू जगाती नाखले कर।


(64) हेक केदी (नेरे केदी नूं)- तन्‍नू कुई मिलणे कल्‍ले ना आवी वी, का दुद्‍धे कुई रिसतेदार कोन्हीं।
डूज्‍जा केदी- छीं ता घणे सारे मगर सारे ये जेली मां छी।


(65) जज (चोर नूं)- अच्छा बावेड़ तू चोरी करली या कोन्हीं।
चोर (जज नूं)- साब, में कींवे बावड़े, हा ता माया वकील ही बावड़ी, ए काम कल्‍ले ता में ओन्हूं फीस डिल्‍ली।


(66) जज (केदी नूं)- फांसी पे लटकणे चे पहले दुद्‍धी आखरी इच्छा का छे?
केडी- मायी आखरी इच्छा छे कि मायी जगा तन्‍नू फांसी डिल्‍ली जाओ।


(67) माच्छर चे ब़ाल पहली बार उडरले, जिसे बेल्‍हे पुट्‍ठे आल्‍ले ता ब़ा ने पूछले, कींवे लागले?
माच्छर चे ब़ाल ब़ोड़ले- घणे आच्‍छे, जिट्‍ठे गेल्‍ला बन्दी ताड़िया बजावी भिलती।


(68) रमेस कन्‍नू ओण्हे पूछले- रेडू ते अकबार मां का फरक छे।
रमेस घणे सोचणे चे बाद ब़ोड़ला, डेखा बात समझणे ची छे, रेडू मां आपू रोटिया थोड़ी बलेठ सगू।


(69) छोर- रोवी कां पल्‍ली…?
छ्‍वेर- माये नम्बर घणे कम आल्‍ले।
छोर- बावेड़ कितने आल्‍ले?
छ्‍वेर- ब़स, अठासी परसेन्ट।
छोर- नरीकार कन्‍नू डर, इतने नम्बर मां ता डोन छोरे पास हुत्‍ती जाये आ।


(70) चिन्टू- पापा, तन्‍नू हेक खुसी ची बात बावड़े?
पापा- हा बावेड़।
चिन्टू- ए साल तन्‍नू माये कल्‍ले नविंया किताबा नी गेहणिया पड़े।
पापा- खोस्‍स हुत्‍ती कन्‍न, किट्‍ठी मुखत मां मिली पलिया का।
चिन्टू- कोन्हां, ए वार में फेल हुत्‍ती गेल्‍ला।
 

पंचांग

वरणमाला केदा

भासा जागरूकता पोस्टर