(21) हेक सहर ची छ्वेरी चा बिहा गांवां मां हुल्ला।
छ्वेरी ची सासवे ने विन्नू कहले, जा भेंस नूं खड़ नाखली आ।
भेंस चे मूं मां झग डेखती कन्न वा छ्वेर पुट्ठी चाहली आल्ली।
छ्वेरी ची सासू ब़ोड़ली, का हुल्ले।
छ्वेर ब़ोड़ली, अय्या भेंस हाल्ली ब्रोस करे पल्ली।
(22) खुली भरती, लोहोड़ छे---- छोरे ते छ्वेरिया ची।
कण्क बाढणे ते डाणे ढ़ोणे कल्ले।
योगता- डसवी, बारहवी, फेल ते पास सारे चल्ले, गवार वी आ सगी। जक्को आवे वे आपणे लारे डोन खेत मां छिकले आल्ले फोटो ते रासण काड ची फोटो कोपी चली आवे।
तनखा- काम डेखती कन्न मिली।
सविधा- चहा, बिड़िया ते हेक टेम टुकू खाणे कल्ले मिली।
मेन- आपणी डातरी लारे चली आ जा।
(23) हेक पुलिस आल्ला सड़के पे भिलता ला।
हेक जुवान आल्ला, ओण्हे ओन्हूं कहले, मे तन्नू सड़के चे पेले पासू पुजाली आवे।
पुलिस आल्ला ब़ोड़ला, तू मन्नू कां पुजावे मे खोद्द चाहला जायी।
जुवान ब़ोड़ला- तू सड़क कींवे लंघे, कानून ते अन्धा रिहे वे।
(24) छ्वेर- का करी पल्ला।
छोर- मूंफलिया खाये पल्ला।
छ्वेर- हेक्को जिणा।
छोर- नेरे का डस रूपे मूंफलिया चा लंगर चलाती डिये।
(25) गांवां ची हेक्की अस्तरी ने घणी तिक्खी आती बस नूं हाथ डित्ती कन्न रूकाले। डरेवर ने हेकदम बरेक मारली ता वी कन्नू पूछले, किट्ठे जाणे तन्नू।
अस्तरी ब़ोड़ली, जाणे ता किट्ठी वी नी। ब़ाल रोवे पल्ले कतरा पों पों बजावा।
(26) हेक्के छोरा ने मन्तरिया नूं कहले, नेता जी पड़ाई ना हुवी पल्ली। लेट आवी ना।
मन्तरी- मुखे मन्तरिया लारे बात करी कुई जुगाड़ लावी।
छोर- लेटी चा।
मन्तरी- ना डिगरी चा।
(27) बाबा (जुवान नूं)- तन्नू सोर्रग मिली, कस्सा दान मां डे।
जुवान- चल, तन्नू मे दिल्ली डिल्ली, आज कन्नू दिल्ली दुद्धी छे।
बाबा- दिल्ली का दुद्धी छे, जक्को तू मन्नू डी पल्ला।
जुवान- सोर्रग का दुद्धे ब़ा चा छे, जक्को तू उठली जगा इट्ठे डित्ता फिर्री।
(28) डोन बचपन चे यार घणे साल चे बाद मिड़ले।
पहला यार- कितनी ब़ाले छी दुद्धी।
डूज्जा यार- मायी चार ब़ाले छी।
पहला यार- का करी वी।
डूज्जा यार- पहले MBA, डूज्जे MCA, तीजे MA ता चोथे चोरिया करे वे।
पहला यार- ओ चोरा नूं घरू काढती कां ना छोड़ी।
डूज्जा यार- ऊं ता कमावे पल्ले---- नेरे सारे ता निकम्मे छी।
(29) सुसरा- तू दारू पी वी कड्डी बावड़ले कोन्हीं।
जवांई- तमची छ्वेर वी ता लूहीं पीये वे, तम्हीं बावड़ले हुत्ते का।
(30) हलवायी जलेबिया बेचे भिलता , मगर ओ किहे भिलता, आलू गिहा आलू।
सन्ता- ये ता जलेबिया छी।
हलवायी- चोप्प, नातण माक्खिया आती जाये।
- टिपणी डाक करा