हेक डियो हेक हन्सा चा झोन्ड उडरती कन्‍न दरिया चे उपरू जाये पलता। ओ दरिया मां हेक काग मसती कर्रे पलता ला। काग हन्सा नूं डेखती कन्‍न बोड़ला,“तम्हां नूं ता उडरणे वी ना डा आव्‍वी।” काग मजाकी मां बोड़ला, तम्ही ता हेक्‍को खांपा नूं फेलाती कन्‍न उडर सग्‍गा। माय्‍ये आल्‍ली कन्‍न उडरणे चा अटकला जाणा वी। तम्ही ता ढंगा लारे उडरणा वी ना जाणा।                                                                                  हेक बुड्‍ढा हन्स बोड़ला,“हा आच्छी बात्त छे कि तूं सारे कोच्छ जाणी बलति वी तन्‍नू गुमान नी करणा चाही छे।” काग बोडला, में गुमान कोन्हीं कर्रे पल्‍ला  तमचे मूं कुई वी माय्‍या मुकाबला कर सग्गे ता सामणे आव्‍वा। हेक जवान हन्सा ने कागा नूं कहले, में दुध्‍धा मुकाबला कर्री।
    

पहले कागा ने आपणिया अटकला करलिया। काग घोल–मोल घुम्मू लागती गेल्‍ला। कईं बेल्‍हे ओ भोहें नूं छुत्‍ती आव्‍वे ते कईं बेल्‍हे उसमाना डुस्स चाहला जाये। हन्स कस्सा वी नी कर्र सगला। काग घणा बोलू लागती गेल्‍ला गे वाच्‍चे पे हस्‍सू लागती गेल्‍ला।
    

हिम्‍मा हन्सा ची बाजी हुत्‍ती। हन्स सीद्‍धा दर्रिया डुस उडरू लागती गेल्‍ला। काग ओच्‍चे भास्‍सूं-भास्‍सूं उडरता फिर्रे ला। काग बोड़ला, तूं घणा मुरख छी जक्‍को तूं सीद्‍धा ही उडरता फिर्री। हन्स कस्‍सा वी नी बोड़ला, ओ चोप्पचाप उडरता रेहला। होले-होले वे भोहें कन्‍नू घणी दुर हुत्‍ती गेल्‍ले। काग थाकती गेल्‍ला हुत्‍ता। हन्सा ने कागा नूं कहले, तूं आपणिया अटकला ते डिखाण। काग बोड़ला, मन्‍नू माफ करती डे में बिलकोल थाकती गेल्‍ला। तूं माय्‍यी मद्‍द कर में मर्रे छे। हन्सा नूं कागा पे दया आत्‍ती गेल्‍ली। ओण्‍हे कागा नूं भोहे पे पुजाले। काग उगते कल्‍ले सब्‍बक सिखती गेल्‍ला। 
 

पंचांग

वरणमाला केदा

भासा जागरूकता पोस्टर